Latest Hindi Sex Stories added for who looking to read Young Girl Chut Kahani – दीदी की जवान चुदासी ननद to make every night hot about Young Girl Chut Kahani – दीदी की जवान चुदासी ननद story.
Story Start Here :
यंग गर्ल चूत कहानी में मेरी दीदी की शादी के बाद मैं उनके घर गया तो उनकी ननद से दोस्ती हो गयी. सुबह को वह मुझे चाय देने आई. उसे देख मेरा लंड खड़ा होने लगा.
दोस्तो, मेरा नाम रॉनित सिंघल है, उम्र 20 साल है और मैं उत्तर प्रदेश का रहने वाला हूँ.
ये साल 2014 की एक सच्ची सेक्स कहानी है.
यह यंग गर्ल चूत कहानी मेरी दीदी की ननद के साथ हुई थी.
उस वक्त मेरी दीदी की शादी नई नई ही हुई थी.
मैं काफी दिनों तक दीदी के घर आता-जाता रहता था.
उसी दौरान दीदी की छोटी ननद से मेरी अच्छी जान-पहचान हो गई.
दीदी की ननद का नाम संगीता था.
उसकी उम्र 18 साल थी और लंबाई 5 फुट से भी कम थी.
वह नाटी जरूर थी लेकिन देखने में बहुत अच्छी लगती थी.
बोलचाल में भी ठीक-ठाक थी.
वह उस टाइम 11वीं क्लास में पढ़ रही थी.
उसके चूचे 30 इंच के थे कमर एकदम स्लिम थी और सेक्सी मालदार गांड एकदम मोटी और भरी हुई थी.
जब वह गांड मटका कर ठुमकती हुई चलती थी तो मुझे ऐसा लगता था मानो वह मुझे ही अपनी गांड दिखा रही है.
साली देखने में एक नंबर की माल लगती थी.
मैंने एक बार उसके साथ घूमने जाने पर देखा था कि आस-पास के लड़के उस पर मरते थे.
राह चलते कुछ लड़के कमेंट्स भी करते, पर वह कुछ नहीं बोलती … बस मुस्कुरा देती.
शायद उसे अपने कुँवारे छेद में लंड लेने की लत लग चुकी थी.
हालांकि मुझे बाद में पता चला था कि उसकी चुत में लंड घुस चुका था.
उसके साथ सेक्स किस तरह से हुआ वह सुनिए.
हुआ यूं कि एक दिन मैं सुबह-सुबह दीदी के घर गया था और मुझे उस बार कुछ दिन दीदी के घर में ही रुकना था.
सुबह से घर आया था तो संगीता चाय, बिस्किट और नमकीन लेकर मेरे पास आई और खड़ी हो गई.
मैं उसे देखने लगा.
वह इतरा कर बोली- चाय पी लो ना, नहीं तो ठंडी हो जाएगी!
मैंने कहा- तुम रख दो न … मैं पी लूँगा. तुम जाओ!
वह मेरी आंखों में देखती हुई बोली- नहीं जाऊंगी … पहले चाय पी लो!
मैंने फिर कहा- जाओ यार, पी लूँगा!
पर वह जा ही नहीं रही थी.
उसकी खड़ी होने की स्टाइल से मैं अन्दर ही अन्दर कामुक हुआ जा रहा था.
मुझे उसके दूध देखकर लंड खड़ा होने लगा.
वह मुस्कुरा रही थी.
मैंने देखा कि गेस्ट रूम में मेरे और उसके अलावा कोई नहीं था.
मुझे अचानक से मस्ती सूझ गई.
मैंने उसके हाथ से चाय की ट्रे ले ली और साइड में रख दी.
फिर उसे खींच कर अपनी गोद में बिठा लिया.
वह एकदम से गुस्से में आ गई और बोली- ये क्या बेहूदा मजाक है यार?
मैंने उसे अपनी बातों से समझाते हुए कहा- यार, तुम मुझे बहुत अच्छी लगती हो, अपनी सी लगती हो. क्या मेरा इतना भी हक नहीं बनता कि मैं तुम्हें छेड़ भी ना सकूँ?
यह सुनकर वह मुस्कुरा दी और उसकी मुस्कान से मुझे मानो ग्रीन सिग्नल मिल गया.
वह मेरी गोदी से उठ कर जाने को हुई तो मैंने कहा- मुझे तुम्हारा जवाब नहीं मिला?
वह बिना कुछ बोले मुझे देखती हुई अन्दर चली गई.
कुछ देर बाद वापस आई और बोली- रॉनित, तुम भी मुझे अच्छे लगते हो!
मैंने अपनी बांहें उसकी तरफ बढ़ा दीं.
उसने मेरी बांहों में आने से पहले मेरे सामने एक शर्त रखी- अगर तुममें इतनी हिम्मत है कि मेरे साथ कुछ कर सको, तो आज रात मेरे कमरे में आओगे और मुझे नींद से जगाओगे … तब मैं समझूँगी कि तुम कितने बड़े वाले हो!
उसका कहने का आशय तो यह था कि मैं कितना बड़ा दुस्साहसी हूँ.
लेकिन मुझे यह सोचना ज्यादा अच्छा लगा कि वह मुझसे पूछ रही हो कि कितने बड़े लंड वाले हो!
पहले तो मैं हंस दिया.
फिर मैंने उसकी शर्त कबूल कर ली और कहा- आऊंगा तो ठीक, मगर तुम आवाज़ नहीं करोगी. नहीं तो गड़बड़ हो जाएगी … और तुम्हें जगाने के बाद मैं जो तुमसे माँगूँगा, वह तुमको देना होगा!
वह बोली- ठीक है.
फिर वह मेरी बांहों में आए बिना चली गई.
मैं भी अपने मोबाईल में लग गया और कुछ कुछ गर्म देखने लगा.
कुछ देर बाद दीदी और जीजा जी के साथ मैं निकल गया और शाम को वापस घर आ गया.
शाम को भी सबने एक साथ खाना खाया और सब सोने की तैयारी में लग गए.
दीदी अपने कमरे में सो गईं और जीजा छत वाले रूम में चले गए.
वे शायद छत वाले कमरे में दारू का मजा लेते हैं इसलिए उधर चले गए थे.
मैं गेस्ट रूम में सो गया और बचे संगीता के माँ-बाप … वे घर के बाहर वाले हिस्से में सो गए.
गेस्ट रूम और संगीता का कमरा आमने-सामने ही था.
रात के तकरीबन एक बजे का समय हो रहा होगा.
वे गर्मी के दिन थे, हवा भी प्यारी चल रही थी.
रात एक बजे मैं डरते-डरते उसके रूम में गया.
दरवाज़ा खुला था और वह गहरी नींद में सो रही थी.
मैं पास गया, आवाज़ लगाई, पर वह घोड़े बेच कर सोने में मस्त थी.
मैंने उनके पैरों की तलवों में खुजली की, तो वह उठ गईं और डर गई.
वह बोली- रॉनित तुम? क्या कर रहे हो यहां?
मैंने कहा- तुमने ही तो बुलाया था!
वह बोली- अरे मज़ाक था वह!
मगर मैंने उसकी एक न सुनी, एक हाथ मैंने संगीता के मुँह पर रख दिया और दूसरे हाथ की दो उंगलियों से उसके एक निप्पल को मींजने लगा.
वह कसमसाई तो मैं उसकी गर्दन पर किस करने लगा.
कुछ देर बाद वह भी मेरा साथ देने लगी.
अब हम दोनों एक दूसरे से लग गए और चूमाचाटी होने लगी.
मैंने उसके कान में कहा- आज मुझे तुम्हारा सारा प्यार चाहिए!
वह कुछ नहीं बोली और मुझे चुंबन करने में लगी रही.
मैं समझ गया कि ये भी चुदासी है और मेरे साथ सेक्स करने के लिए रेडी है.
यह बात दिमाग में आते ही मैंने उसके बदन से उसकी नाइटी को उतारना शुरू कर दिया.
उसकी नाइटी गले से ऊपर करके उतारी तो वह अन्दर ब्रा पैंटी में थी.
मैंने उसके बदन से ब्रा पैंटी को भी हटा दिया और वह पूरी नंगी हो गई.
उसने भी मेरे सारे कपड़े उतार दिए.
अब मैंने उसे चित लिटाया और उसकी पूरी बॉडी को किस करना शुरू कर दिया.
वह पागल-सी होने लगी.
धीरे-धीरे मैंने अपना हाथ उसकी टांगों के बीच में ले गया और उसकी चुत के छेद के करीब ले जाकर उंगली से चुत को मसलने लगा.
उसकी चुत पर झांटों का जंगल उगा हुआ था.
रेशमी बालों का गुच्छा मेरे हाथ में आया तो मैंने उसकी झांटों की नरम घास पर अपनी हथेली को रगड़ना शुरू कर दिया.
हालांकि झांटों से मेरा मूड और मन दोनों खराब हो गया था.
पहले तो मेरा मन हटने को हुआ.
पर उसने मुझे हाथ हटाने ही नहीं दिया.
उसने मेरे हाथ को पकड़ कर अपनी चुत के छेद में मेरी उंगली डलवा ली.
मैंने अपनी एक बार में पूरी उंगली चूत के अन्दर सरका दी तो वह सकपका-सी गई.
उसने मीठे दर्द से ज़ोर की ‘आह्ह’ की आवाज निकाल दी.
मैंने अपना लंड उसे पकड़ा दिया.
वह बोली- ऊई मम्मी … इतना मोटा. क्या साइज़ होगा?
मैंने कहा- यह 3 इंच मोटा और 6 इंच लंबा है!
मेरा लंड अपने हाथ में लेकर उसे मज़ा आने लगा था.
मैं उसे चूमते चूमते उसकी चूचियों से खेलने लगा और एक निप्पल को अपने होंठों में दबा कर उसकी चुत के छेद में ज़ोर-ज़ोर से उंगली करने लगा.
वह आह आह करती जा रही थी और खुद भी अपनी गांड को आगे पीछे करती हुई यंग गर्ल चूत की आग को ठंडी करवाने में लगी हुई थी.
तकरीबन 15 मिनट तक मैं उसकी चुत में उंगली चलाता रहा.
अब वह झड़ने वाली थी, लेकिन मैंने उसी वक्त उंगली हटा ली और अपना लंड उसकी बुर पर रगड़ना शुरू कर दिया.
वह उछलने लगी और कामुक सिसकारियां लेने लगी.
फिर धीमी आवाज़ में बोली- रॉनित, अपना टूल मेरे छेद में डाल दो … अब बर्दाश्त के बाहर हो रहा है!
मैंने छेद पर लंड सैट किया और आराम से पेल दिया.
उसकी दर्द भरी आवाज़ निकल गई ‘आह्ह मर गई!’
मैंने झट से उसके मुँह पर हाथ रख दिया और बोला- बस एक बार और झटका देने दो!
मैंने यह कह कर दूसरा शॉट दे मारा.
इस बार के झटके में मेरा पूरा लंड उसकी बुर को फैलाता हुआ अन्दर घुस गया था.
वह तड़प उठी और मुझे रोकने लगी.
मैं थम सा गया.
जल्दी ही उसकी कमर हिलने लगी तो मैंने धीरे-धीरे धक्के देने शुरू कर दिए.
हम दोनों में चुदाई होने लगी.
मैं लंबी रेस का घोड़ा हूँ तो वह दस मिनट बाद पिघल गई और उसने अपनी चुत से पानी छोड़ दिया.
मैं लगभग 25 मिनट तक उसे चोदता रहा और वह इस लंबी चुदाई में निढाल हो गई.
आखिर में जब मैं झड़ने को हुआ तो मैंने उससे पूछा- छेद में गर्म रस डाल दूँ?
वह बोली- हां डाल दो … मैं दवा ले लूंगी.
मैंने उसकी चुत में वीर्य डाल दिया.
वह मेरे लौड़े से चुद कर संतुष्ट हो गई.
मैं अब उसके रूम से निकलने की कोशिश में था तो उसने मुझे पकड़ लिया और पुनः किस करना शुरू कर दिया.
मैंने बोला- रहने दो ना प्लीज़. कोई जाग जाएगा तो बवाल हो जाएगा … जाने दो!
वह बोली- अपना मतलब हल हो गया, तो जाने दो!
मैंने कहा- मुझे कुछ नहीं है, मैं तो जो होगा सो झेल लूँगा … मगर तुम्हारा काम बिगड़ जाएगा!
यह सुनकर उसने मुझे जाने दिया.
सुबह हुई तो वह मेरे लिए चाय लेकर आई.
मैं उससे नज़रें नहीं मिला पा रहा था और मुँह फेर कर अलग सा हो रहा था.
वह मेरे पास आईं और बोली- कैसे हो रॉनित?
मैंने कहा- ठीक हूँ.
‘मुझसे नहीं पूछोगे?’
मैंने पूछा- तुम बताओ, कैसी हो?
वह बोलीं- मैं तो अब तक अधूरी थी, पर अब पूरी हो गई हूँ.
मैंने कहा- मतलब?
वह मेरे बाजू में बैठती हुई बोली- मैं झूठ नहीं बोलना चाहती … मैं पहले भी एक बार सेक्स कर चुकी हूँ … पर वह मुझे छोड़ कर भाग गया क्योंकि वह मुझे सही से संतुष्ट नहीं कर पाया था. कल तुमने मुझे फाड़ दिया समझो.
मैं हंस दिया.
वह भी झेंप गई.
उस दिन से वह मेरी गर्लफ्रेंड हो गई और मैं उसका ब्वॉयफ्रेंड हो गया.
बाद में जब हम दोनों में खूब मुलाकातें होने लगीं तो उसने मेरे और अपने बारे में मेरी दीदी से बोल दिया.
हमारे बीच हुई सेक्स कहानी को भी बता दिया.
मैं अब दीदी की ससुराल जाने के लिए मचलने लगा था.
मेरी दीदी भी अपनी ननद को चुदवाने में मेरा पूरा सहयोग करती हैं.
मैं भी एक तरह से उस घर का दामाद बनने की कगार पर आ गया हूँ.
दोस्तो, यह यंग गर्ल चूत कहानी एकदम सच्ची है, आपको कैसी लगी … प्लीज जरूर बताएं.
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